ओवरटाइम (OT) कैलकुलेटर
OT घंटे, रेट और आपके यहाँ का तरीका — सिंगल, डेढ़ गुना या डबल — डालें और ओवरटाइम का पैसा निकालें। दिहाड़ी से घंटे का रेट अपने आप बन जाता है।
ओवरटाइम का हिसाब कैसे होता है
ओवरटाइम = OT घंटे × घंटे का रेट × गुना। दिहाड़ी वाले मज़दूर का घंटे का रेट = दिहाड़ी ÷ शिफ्ट के घंटे (आम तौर पर 8)। यानी ₹480 दिहाड़ी वाले का घंटा ₹60 का हुआ; 12 घंटे OT सिंगल रेट पर ₹720 और डबल रेट पर ₹1,440 बनता है।
हर धंधे का तरीका अलग है — ज़्यादातर साइट और वर्कशॉप सिंगल रेट देते हैं, रजिस्टर्ड फ़ैक्टरियों में डबल रेट का नियम है। ज़रूरी बात यह है कि रेट पहले से तय हो और OT घंटे रोज़ लिखे जाएँ — याद से बनाया गया OT ही सबसे ज़्यादा झगड़े कराता है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
दिहाड़ी से घंटे का रेट कैसे निकालें?+
दिहाड़ी को शिफ्ट के घंटों से भाग दें, आम तौर पर 8 से। ₹400 दिहाड़ी का मतलब ₹50 घंटा। यह कैलकुलेटर यह हिसाब अपने आप करता है।
क्या ओवरटाइम हमेशा डबल रेट पर मिलता है?+
नहीं। डबल रेट रजिस्टर्ड फ़ैक्टरियों का नियम है। आम धंधों में सिंगल या डेढ़ गुना रेट चलता है — जो मालिक और मज़दूर में तय हुआ हो।
OT घंटे रोज़ लिखने का आसान तरीका?+
हाज़िरी लगाते वक़्त ही OT लिखें, हिसाब के दिन नहीं। Laborbook ऐप में हाज़िरी के साथ OT घंटे भी दर्ज होते हैं — महीने की सैलरी में OT अपने आप जुड़ जाता है।
OT याद से नहीं, हाज़िरी के साथ लिखें
Laborbook में रोज़ की हाज़िरी के साथ OT दर्ज करें — सैलरी में अपने आप जुड़ता है।